मेमोरी चिप की बढ़ती कीमतों के बावजूद Apple अपने आने वाले फ्लैगशिप फोन iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max की कीमत पिछले मॉडल के बराबर ही रख सकती है। टेक कंपनी अपने सप्लायर्स के साथ बातचीत करके और दूसरे कॉम्पोनेंट की लागत कम करके इस कीमत को बनाए रखने की पूरी कोशिश कर रही है।

 

एनालिस्ट ने दी जानकारी

 

विभिन्न रिपोर्ट्स के मुताबिक Apple आने वाले iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max की शुरुआती कीमत वही रखना चाहती है जो अभी iPhone 17 Pro और iPhone 17 Pro Max की है। MacRumors को मिली रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी की हालिया सप्लाई चेन रिसर्च से पता चला है कि Apple कॉस्ट मैनेजमेंट पर ज्यादा ध्यान दे रही है।

 

Apple की कोशिश है कि iPhone 18 Pro मॉडल की शुरुआती कीमत या तो बदली नहीं जाए या फिर iPhone 17 Pro मॉडल के बराबर ही रहे। अमेरिका में iPhone 17 Pro की कीमत 1,099 डॉलर से शुरू होती है जबकि iPhone 17 Pro Max की कीमत 1,199 डॉलर से शुरू होती है। इसका मतलब है कि भारतीय बाजार में भी इन नए फोन की कीमत लगभग पुराने मॉडल के आसपास ही रह सकती है।

 

मेमोरी चिप की कीमत बढ़ने का असर

 

पिछले कुछ हफ्तों में यह अफवाहें चल रही थीं कि iPhone 18 Pro की कीमत iPhone 17 Pro से ज्यादा हो सकती है। इसकी वजह यह थी कि DRAM और NAND स्टोरेज चिप की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं। रिपोर्ट के अनुसार, Apple को RAM की कीमत दोगुनी चुकानी पड़ रही है और फ्लैश स्टोरेज की कीमत भी बढ़ गई है।

 

इसके अलावा iPhone 18 Pro में इस्तेमाल होने वाला Apple A20 Pro प्रोसेसर भी काफी महंगा हो सकता है। यह चिप TSMC की 2nm प्रोसेस पर बनेगी जो Apple A19 Pro से ज्यादा एडवांस टेक्नोलॉजी है। AI डेटा सेंटर्स की वजह से मेमोरी चिप की मांग बहुत बढ़ गई है जिससे दुनिया भर में इन चिप्स की कीमतें बढ़ गई हैं।

 

Apple का कॉस्ट मैनेजमेंट प्लान

 

विभिन्न रिपोर्ट्स के मुताबिक Apple ने Samsung और SK Hynix जैसी मेमोरी सप्लायर कंपनियों के साथ बातचीत करके अच्छी डील करने की कोशिश की है। इससे कंपनी को DRAM और NAND चिप्स की कीमतों में कुछ राहत मिल सकती है। इसके साथ ही Apple अपने iPhone के दूसरे मुख्य कॉम्पोनेंट जैसे डिस्प्ले और कैमरा की लागत कम करने के तरीके ढूंढ रही है।

 

रिपोर्ट्स में कहा गया है कि Apple अलग-अलग कॉम्पोनेंट की यूनिट कीमत पर बातचीत कर रही है ताकि बढ़ी हुई मेमोरी की कीमत को संभाला जा सके। कंपनी का मकसद यह है कि कम से कम बेस स्टोरेज वेरिएंट की कीमत पुराने मॉडल के बराबर ही रहे। अगर यह नहीं हो पाता तो भी कीमत में बहुत ज्यादा बढ़ोतरी नहीं होगी।

 

कम मुनाफा कमाने को तैयार Apple

 

रिपोर्ट्स के मुताबिक Apple कॉम्पोनेंट की बढ़ी हुई कीमत को खुद सहने के लिए तैयार है भले ही इससे कंपनी का प्रॉफिट मार्जिन कम हो जाए। Apple का प्लान यह है कि वह महंगी चिप्स खरीदे और उनकी बढ़ी हुई कीमत को खुद झेले। कीमत नहीं बढ़ाने से Apple को मार्केट में ज्यादा शेयर मिल सकता है।

 

एनालिस्ट के मुताबिक, Apple को iPhone पर कम कमाई करने में कोई दिक्कत नहीं है क्योंकि कंपनी बाद में अपनी सर्विसेज से यह पैसा वापस कमा लेगी। Apple की सर्विसेज कंपनी का दूसरा सबसे बड़ा बिजनेस सेगमेंट है जो iPhone के बाद आता है। 2026 की पहली तिमाही में सर्विसेज से होने वाली कमाई साल दर साल 13.93 प्रतिशत बढ़कर 30.01 बिलियन डॉलर हो गई।

 

Samsung के मुकाबले Apple को फायदा

 

एनालिस्ट के मुताबिक Samsung के प्रोडक्ट की कीमतें बढ़ सकती हैं। अगर Samsung अपने फोन की कीमत बढ़ाती है तो Apple के लिए अपनी कीमत स्थिर रखना और भी जरूरी हो जाता है। इससे Apple को Samsung के मुकाबले बाजार में बड़ा फायदा मिल सकता है।

 

IDC एनालिटिकल फर्म ने भविष्यवाणी की है कि AI डेटा सेंटर्स की मजबूत मांग की वजह से मेमोरी की बढ़ती कीमतें इस साल स्मार्टफोन की कीमतें 6 से 8 प्रतिशत तक बढ़ा सकती हैं। लेकिन Apple इस बढ़ोतरी को रोकने की पूरी कोशिश कर रही है ताकि ग्राहकों पर बोझ न पड़े।

 

Apple CEO Tim Cook का बयान

 

Apple के CEO Tim Cook ने पुष्टि की कि RAM और फ्लैश मेमोरी की कीमतों ने अभी तक Apple को प्रभावित नहीं किया है। लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि साल के आखिर में यह एक समस्या बन सकती है। हालांकि Apple ने इस समस्या से निपटने के लिए पहले से ही कदम उठाने शुरू कर दिए हैं।

 

Cook का कहना है कि कंपनी ने सप्लायर्स के साथ अच्छे कॉन्ट्रैक्ट किए हैं जिससे नजदीकी समय में मेमोरी की किल्लत नहीं होगी। Apple की सप्लाई चेन मैनेजमेंट इतनी मजबूत है कि कंपनी अभी के लिए सुरक्षित है। लेकिन बाद में जब यह मेमोरी सप्लाई खत्म होगी तो कंपनी को कीमतों में बढ़ोतरी का असर कम करने के लिए और कदम उठाने होंगे।

 

iPhone 18 Pro की संभावित कीमत

 

अगर Jeff Pu और Ming-Chi Kuo की बातें सही साबित होती हैं तो iPhone 18 Pro की शुरुआती कीमत 1,099 डॉलर और iPhone 18 Pro Max की शुरुआती कीमत 1,199 डॉलर हो सकती है। यह कीमत 256GB स्टोरेज वाले बेस वेरिएंट के लिए होगी।

 

भारतीय बाजार में iPhone 17 Pro की कीमत करीब 1,29,900 रुपये से शुरू होती है और iPhone 17 Pro Max की कीमत करीब 1,44,900 रुपये से शुरू होती है। अगर Apple अमेरिका में कीमत स्थिर रखती है तो भारत में भी iPhone 18 Pro सीरीज की कीमत इसी रेंज में रह सकती है। हालांकि यह जीएसटी और दूसरे टैक्स पर भी निर्भर करेगा।

 

कुछ एक्सपर्ट का सुझाव है कि ग्राहकों को शुरुआती कीमत में 50 से 100 डॉलर का बफर रखना चाहिए। इसका मतलब यह है कि अगर Apple मेमोरी की बढ़ती कीमतों को पूरी तरह कंट्रोल नहीं कर पाती तो कीमत में थोड़ी बहुत बढ़ोतरी हो सकती है। लेकिन यह बढ़ोतरी बहुत ज्यादा नहीं होगी।

 

iPhone 18 Pro की लॉन्च टाइमिंग

 

Apple के iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max सितंबर 2026 में लॉन्च होने की उम्मीद है। यह कंपनी की सालाना फॉल इवेंट में आ सकते हैं। इसके साथ ही Apple अपना पहला फोल्डेबल iPhone भी लॉन्च कर सकती है। वहीं स्टैंडर्ड iPhone 18 और iPhone 18e को 2027 की पहली तिमाही में लॉन्च किया जा सकता है।

 

Apple ने इस बार iPhone की लॉन्च स्ट्रेटेजी को दो हिस्सों में बांटने का फैसला किया है। पहले Pro मॉडल आएंगे और फिर बाद में बेस मॉडल आएंगे। यह रणनीति कंपनी के लिए नई है और इससे Pro मॉडल की मांग पहले पूरी की जा सकेगी।